मोहला नगर में एक माह से भालू की दस्तक, लोगों में दशहत, बच्चे, युवा, महिलायें और बुजुर्ग भयभीत, वन विभाग से भालू को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने की मांग
मोहला नगर में एक माह से भालू की दस्तक, लोगों में दहशत
*बच्चे, युवा, महिलाएं और बुजुर्ग भयभीत; वन विभाग से भालू को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने की मांग
सामाचार (मोहला) मोहला नगर एवं आसपास के क्षेत्रों में पिछले एक माह से भालू की लगातार मौजूदगी ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। मिली जानकारी के अनुसार, मां छुरिया देवी मंदिर की पहाड़ियों और नगर के आसपास विचरण कर रहा भालू अब कभी भी नगर के चौक-चौराहों और मुख्य सड़कों पर दिखाई दे रहा है। इससे बच्चों, युवाओं, महिलाओं और बुजुर्गों सहित आम नागरिकों में भय का माहौल बना हुआ है।
मोहला नगर को मानपुर एवं राजनांदगांव से जोड़ने वाली मुख्य सड़कों पर भालू की आवाजाही लोगों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। सुबह-शाम पैदल टहलने वाले नागरिकों, राहगीरों, व्यापारियों और मां छुरिया देवी मंदिर समिति से जुड़े सदस्यों में भी दहशत देखी जा रही है। लोग अनहोनी की आशंका के चलते सतर्क रहने को मजबूर हैं।
अब तक जनहानि नहीं, लेकिन खतरा बरकरार
राहत की बात यह है कि अब तक भालू के कारण किसी प्रकार की जनहानि या प्रत्यक्ष शारीरिक नुकसान की सूचना नहीं मिली है। हालांकि, लगातार एक माह से नगर के आसपास भालू की मौजूदगी को हल्के में नहीं लिया जा सकता। यदि समय रहते उचित कदम नहीं उठाए गए, तो भविष्य में किसी अप्रिय घटना की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
स्थानीय लोगों के बीच यह सवाल उठ रहा है कि आखिरकार एक माह बीत जाने के बाद भी नगर के आसपास विचरण कर रहे भालू को सुरक्षित रूप से अन्यत्र पहुंचाने के लिए क्या पहल की जा रही है? लोगों को उम्मीद है कि वन विभाग एवं संबंधित प्रशासन इस मामले को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कदम उठाएंगे


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वन विभाग से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम की अपेक्षा
मोहला नगर एवं आसपास के क्षेत्रों में भालू की लगातार उपस्थिति से कौतूहल के साथ भय का माहौल बना हुआ है। नागरिकों की अपेक्षा है कि वन विभाग भालू की गतिविधियों पर निगरानी रखे, लोगों को सतर्क रहने के लिए जागरूक करे और आवश्यकता के अनुसार विशेषज्ञों की मदद से सुरक्षित प्रबंधन की व्यवस्था करे।
फिलहाल नगरवासियों की नजर इस बात पर टिकी है कि संबंधित विभाग लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कब प्रभावी पहल करता है। समय रहते सावधानी और उचित कार्रवाई ही किसी संभावित अनहोनी को टालने में मददगार साबित हो सकती है।
मोहला से योगेन्द्र सिंगने की रिपोर्ट